झारखण्ड के 'विज़न 2050' को गति: नई दिल्ली में जुटेंगे दिग्गज निवेशक, सीएम सोरेन की अगुवाई में खींचा जाएगा विकास का खाका

06:43 PM Jul 08, 2026 | The Mooknayak

नई दिल्ली/रांची। झारखण्ड सरकार राज्य में औद्योगिक, तकनीकी और पर्यटन विकास को नई ऊंचाइयों पर ले जाने के लिए पूरी तरह तैयार है। मुख्यमंत्री हेमन्त सोरेन के नेतृत्व में 8 और 9 जुलाई को नई दिल्ली में दो दिवसीय 'नेशनल स्टेकहोल्डर्स कंसल्टेशन' का भव्य आयोजन किया जा रहा है। सूचना प्रौद्योगिकी, उद्योग और पर्यटन विभाग के इस संयुक्त आयोजन में देश-विदेश के कई बड़े नीति निर्धारक, निवेशक और तकनीकी विशेषज्ञ शामिल होंगे।

यह आयोजन झारखण्ड के 'विज़न 2050' के दीर्घकालिक लक्ष्यों को हासिल करने की दिशा में एक ऐतिहासिक कदम है। विश्व आर्थिक मंच (WEF) दावोस में राज्य की सफल भागीदारी के बाद वैश्विक निवेश को धरातल पर उतारने के लिए यह पहल की गई है। इसके जरिए राज्य की कोर थीम "एक्सप्लोर इंफिनाइट अपॉर्चुनिटीज" को साकार करते हुए रोजगार के नए अवसर पैदा किए जाएंगे।

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बदलते परिवेश और तकनीकी युग को ध्यान में रखते हुए इस कार्यक्रम में कई अहम नीतियों के प्रारूप पेश किए जाएंगे। उद्योग जगत से सुझाव आमंत्रित करने के लिए झारखण्ड एआई पॉलिसी, इन्वेस्टमेंट प्रमोशन पॉलिसी, टूरिज्म पॉलिसी, टेक्सटाइल पॉलिसी, जियाडा रेगुलेशन और पीपीपी पॉलिसी का कांसेप्ट पेपर जारी किया जाएगा।

कार्यक्रम के पहले दिन का मुख्य फोकस डिजिटल गवर्नेंस और आईटी इंफ्रास्ट्रक्चर पर रहेगा। इस दौरान देश के शीर्ष आईटी विशेषज्ञ झारखण्ड में आईटी पार्क और एआई क्षेत्र में निवेश की संभावनाओं पर मंथन करेंगे। सरकार और व्यापारिक प्रतिनिधियों के बीच सीधी बातचीत (B2G) के साथ ही 'झारखण्ड में एआई भविष्य को आकार देना' विषय पर एक विशेष सत्र का भी आयोजन होगा, जहां आईटी विभाग और कंपनियों के बीच कई महत्वपूर्ण एमओयू पर हस्ताक्षर किए जाएंगे।

दूसरे दिन का पूरा सत्र निवेश, समावेशी विकास और पर्यटन पर केंद्रित होगा। निवेशकों को राज्य की समृद्ध प्राकृतिक और सांस्कृतिक पर्यटन क्षमताओं से अवगत कराया जाएगा। इसके बाद औद्योगिक प्रोत्साहन और नए उद्योगों की स्थापना पर विशेष स्टेकहोल्डर्स कंसल्टेशन होगा।

आयोजन के अहम पड़ाव के रूप में राज्य के विकास को गति देने के लिए कई बड़े औद्योगिक घरानों के साथ एमओयू साइन किए जाएंगे। साथ ही नई दूरदर्शी नीतियों के ड्राफ्ट और नए डिजिटल पोर्टल्स की आधिकारिक लॉन्चिंग भी होगी। कार्यक्रम का समापन झारखण्ड की समृद्ध संस्कृति, नृत्य और संगीत को प्रदर्शित करने वाले एक रंगारंग सांस्कृतिक समारोह के साथ होगा।